मौसम विभाग ने लोगों और यात्रियों को सतर्क रहने की सलाह दी है। खासकर पहाड़ी और नदी किनारे के इलाकों में रहने वाले लोगों को सावधानी बरतने के लिए कहा गया है।
पहाड़ी राज्यों में भूस्खलन का खतरा
उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही बारिश से हालात चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं। कई संवेदनशील इलाकों में भूस्खलन और चट्टानें खिसकने का खतरा बढ़ गया है।
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि भारी बारिश के कारण पहाड़ी सड़कों पर मलबा आने से यातायात प्रभावित हो सकता है। पर्यटकों और पहाड़ी क्षेत्रों की यात्रा करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में भारी बारिश की चेतावनी
पूर्वी उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में निम्न दबाव का क्षेत्र सक्रिय होने के कारण रुक-रुक कर तेज बारिश हो रही है। मौसम विभाग ने कुछ इलाकों में भारी बारिश के साथ आकाशीय बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की आशंका जताई है।
कुछ क्षेत्रों में हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। लगातार बारिश के चलते नदियों और जलाशयों का जलस्तर बढ़ने की संभावना है, जिससे निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ सकता है।
पूर्वोत्तर राज्यों में रेड और ऑरेंज अलर्ट
पूर्वोत्तर भारत में मॉनसून का असर सबसे ज्यादा देखने को मिल रहा है। असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा के कई हिस्सों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।
लगातार बारिश के कारण निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है। वहीं कई नदियों का जलस्तर बढ़ने से बाढ़ का खतरा भी मंडरा रहा है।
यात्रियों और आम लोगों के लिए एडवाइजरी
आईएमडी ने भारी बारिश और वज्रपात की आशंका को देखते हुए लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। बारिश के दौरान लोगों को पेड़ों, बिजली के खंभों और कमजोर संरचनाओं के पास खड़े नहीं होने की सलाह दी गई है।
जलभराव वाले इलाकों में वाहन लेकर जाने से भी बचने की हिदायत दी गई है। वज्रपात के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की गई है।
किसानों को भी किया गया अलर्ट
मौसम विभाग ने किसानों को भी सतर्क रहने की सलाह दी है। लगातार बारिश से खरीफ फसलों को नुकसान से बचाने के लिए खेतों में जमा अतिरिक्त पानी की निकासी की व्यवस्था करने को कहा गया है।
भारी बारिश वाले इलाकों में किसानों को मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखने और स्थानीय प्रशासन की एडवाइजरी का पालन करने की सलाह दी गई है।
देश के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक मौसम का मिजाज बिगड़ा रह सकता है। ऐसे में प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करना जरूरी है।