जिला शिक्षा अधिकारी की ओर से 13 सितंबर 2026 को जारी नोटिस में विकासखंड शिक्षा अधिकारी सिमगा की रिपोर्ट और समाचार पत्रों में प्रकाशित खबरों का हवाला दिया गया है। इसमें बताया गया कि स्कूल के बाहरी अहाते में लगे मुख्य लोहे के गेट पर चढ़कर 7 वर्षीय बालक खेल रहा था। इसी दौरान गेट टूटकर उसके ऊपर गिर गया, जिससे उसकी मौत हो गई।
तीन महीने से खराब था गेट
शिक्षा विभाग के नोटिस में सामने आया है कि स्कूल का मुख्य लोहे का गेट करीब तीन महीने से खराब था। इसके बावजूद स्कूल प्रबंधन ने उसकी मरम्मत नहीं कराई और न ही गेट की खराब स्थिति की जानकारी उच्च अधिकारियों को दी।
DEO ने इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए प्राचार्य से जवाब मांगा है। विभाग का कहना है कि यदि समय रहते गेट की मरम्मत या उसे सुरक्षित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाते, तो हादसे को टाला जा सकता था।
समय पर जवाब नहीं दिया तो होगी कार्रवाई
नोटिस में प्राचार्य को तत्काल स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही निर्धारित समय में जवाब नहीं देने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जवाब नहीं देने की स्थिति में संबंधित की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
मासूम की मौत से परिजन और ग्रामीण आक्रोशित
हादसे में 7 वर्षीय बच्चे की मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों में आक्रोश है। परिजनों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन को गेट की खराब स्थिति की जानकारी पहले से थी। यदि समय रहते उसकी मरम्मत करा दी जाती या गेट को सुरक्षित कर दिया जाता, तो मासूम की जान बच सकती थी।
अब शिक्षा विभाग की ओर से जारी नोटिस के बाद मामले में स्कूल प्रबंधन की जिम्मेदारी तय करने और आगे की कार्रवाई पर नजर बनी हुई है।