9 देशों की वायु सेनाएं लेंगी हिस्सा
तरंग शक्ति 2026 में भारत और अमेरिका के अलावा फ्रांस, जर्मनी, ग्रीस, संयुक्त अरब अमीरात, ऑस्ट्रेलिया, बांग्लादेश और श्रीलंका की वायु सेनाओं के शामिल होने की जानकारी है। इसके अलावा करीब 30 देश पर्यवेक्षक के तौर पर हिस्सा लेंगे।
अभ्यास में F-35 के अलावा F-16, F-18, राफेल और A400M जैसे विमान भी शामिल होने की जानकारी सामने आई है।
भारतीय वायुसेना के ये विमान होंगे शामिल
तरंग शक्ति 2026 में भारतीय वायुसेना अपने प्रमुख लड़ाकू विमानों के साथ हिस्सा लेगी। इनमें सुखोई-30 MKI, मिराज-2000 और स्वदेशी तेजस शामिल हैं। इसके अलावा परिवहन विमान, हेलीकॉप्टर, विशेष अभियान से जुड़े विमान, हवा में ईंधन भरने वाले विमान और AWACS जैसे प्लेटफॉर्म भी अभ्यास का हिस्सा होंगे।
26 सितंबर से शुरू होगा अभ्यास
भारतीय वायुसेना ने 21 सितंबर को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए तरंग शक्ति 2026 की वापसी की जानकारी दी। इस बार यह अभ्यास एक चरण में जोधपुर में आयोजित किया जाएगा। इसका उद्देश्य विभिन्न देशों की वायु सेनाओं के बीच संयुक्त प्रशिक्षण, सामरिक समन्वय और इंटरऑपरेबिलिटी को बढ़ाना है।
अभ्यास: तरंग शक्ति 2026
स्थान: जोधपुर, राजस्थान
तारीख: 26 सितंबर से 12 अक्टूबर 2026
F-35: भारत में सैन्य अभ्यास के लिए पहली संभावित भागीदारी
भाग लेने वाले देश: 9 देशों की वायु सेनाएं, करीब 30 देश पर्यवेक्षक